शादी का वो 'कड़वा सच' जो 36 गुण मिलने पर भी तलाक करवा देता है: क्या आप भी अपने पूर्वजों की 'अधूरी स्क्रिप्ट' जी रहे हैं?
चेतावनी: अगर आप अपनी शादी को डिज्नी की "Fairy Tale" समझते हैं, तो यह आर्टिकल आपका भ्रम तोड़ सकता है। लेकिन अगर आप जानना चाहते हैं कि 'सोलमेट' अचानक 'अजनबी' क्यों बन जाते हैं, तो आगे पढ़ें।
क्या कभी सोचा है कि क्यों कुछ शादियां "परियों की कहानी " जैसी लगती हैं और कुछ "पानीपत के युद्ध" जैसी?
आपने अपना 7वां घर (7th House) चेक कर लिया।
शुक्र (Venus) की स्थिति देख ली।
शायद नवमांश (D-9) भी खंगाल डाला।
पर फिर भी कन्फ्यूजन बरकरार है। "यार, कुंडली तो मिल रही थी, फिर ये महाभारत क्यों छिड़ी हुई है?"
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यहाँ वो सच है जो आपको कोई ज्योतिषी नहीं बताता: आपकी शादी की असली कहानी आपकी कुंडली में नहीं है।
ज्योतिष में "36 गुण" (Gun Milan) मिलने के बाद भी शादियां क्यों टूट जाती हैं? या क्यों एक "परफेक्ट" दिखने वाला पार्टनर शादी के 6 महीने बाद ही "जेल का वार्डन" लगने लगता है? हम अक्सर कुंडली मिलान करते समय सिर्फ चंद्रमा (Moon) और 7वें घर (7th House) को देखते हैं, जो कि केवल ऊपर की "पैकेजिंग" है। असली माल तो अंदर है। वैदिक ज्योतिष का एक क्रूर सच यह है कि "आप जिससे शादी करते हैं, वो इंसान नहीं होता, वो आपके पूर्वजों का एक 'अधूरा प्रोजेक्ट' होता है।" जी हाँ, आपकी शादी की असली कहानी आपके 7वें घर में नहीं, बल्कि एक "गुप्त चार्ट" में छिपी है जिसके बारे में 99% ज्योतिषी बात नहीं करते। यह चार्ट आपके जीवनसाथी के 'कर्म', उनके 'पैटर्न' और उन 'अनसुलझे पाठों' (Unresolved Lessons) को उजागर करता है जो वो आपके जीवन में लेकर आने वाले हैं। आज हम उसी 'सीक्रेट चार्ट' को डिकोड करेंगे जिसे ऋषियों ने "नवमांश-राशि सुपरइम्पोज़िशन" (Navamsa-Rashi Overlay) कहा है।
1. 'कर्मा एक्सचेंज' पॉइंट: क्या वो आपको 'बचाएंगे' या 'डुबाएंगे'?
यह लॉजिक नहीं, शुद्ध 'मैजिक' और 'गणित' है।
रिश्ते 'प्यार' से नहीं, 'धर्म' (Duty) से चलते हैं। इसे चेक करने का एक गुप्त तरीका है:
देखिये कि आपका गुरु (Jupiter) उनकी कुंडली में कहाँ बैठा है, और उनका गुरु आपकी कुंडली में कहाँ है।
- द रेस्क्यू मिशन (The Rescue): अगर आपका गुरु उनके 8वें घर (House of Crisis/Death) में गिरता है, तो लिख लीजिये — आप पूरी शादी उन्हें "बचाने" (Rescue) में निकाल देंगे। उनकी बीमारियाँ, उनके कर्जे, उनके डिप्रेशन... आप उनके लिए ढाल बनेंगे।
- द आइसोलेशन (The Isolation): अगर उनका गुरु आपके 12वें घर (House of Loss/Solitude) में गिरता है, तो वो अनजाने में ही सही, आपको दुनिया से काट देंगे। वो आपको एक ऐसे एकांत (Solitude) में धकेल देंगे जहाँ आप 'खोया हुआ' महसूस करेंगे।
यह "Toxic Relationship" नहीं है, यह "Karmic Debt" है।
2. उपपद लग्न का 'शैडो हाउस': वो डर जो आप देखना नहीं चाहते
जैमिनी ज्योतिष में शादी का अखाड़ा उपपद लग्न (Upapada Lagna) है।
लेकिन राज़ की बात यह है: अपने उपपद लग्न से 8वां घर देखिये।
यह आपका "Shadow House" है। यह वो जगह है जहाँ आपके 'मैरिज फोबिया' छिपे हैं।
उदाहरण (Case Study):
अगर यहाँ शनि (Saturn) बैठा है, तो आप अपने पार्टनर को "ठंडा" (Cold), "रूखा" या "बंधन डालने वाला" (Restrictive) कहेंगे। आप शिकायत करेंगे कि "उन्हें रोमांस करना नहीं आता।"
पर असलियत? असलियत यह है कि आप अपनी ही "कमिटमेंट" के डर से मिल रहे हैं। वो सिर्फ एक आईना है। जो आपको उनमें बुरा लग रहा है, वो असल में आपके अंदर का ही अँधेरा है जिसे आप फेस नहीं करना चाहते।
3. पूर्वजों की स्क्रिप्ट: आप इंसान से नहीं, अपने माँ-बाप के 'ट्रॉमा' से शादी करते हैं!
हम शुक्र (Venus) और 7वें घर की बात करते हैं। पर आपकी शादी का असली "ब्लूप्रिंट" उन तीन जगहों पर है जहाँ अधिकतर ज्योतिषियों की नज़र नहीं जाती। इसे मैं "Genetic Astrology" कहता हूँ।
(A) पिता का अधूरा काम (Father's Saturn)
अपनी कुंडली में देखिये कि आपके पिता का शनि (Father's Saturn - सूर्य से शनि की दूरी) कहाँ बैठता है।
यही वो "कर्ज" है जिसे आप अपनी शादी में चुकाएंगे।
अगर पिता का शनि आपके 7वें घर में है, तो आप ऐसे पार्टनर को अट्रैक्ट करेंगे जो "प्रेमी" कम और "हेडमास्टर" ज्यादा लगेगा। आप या तो बागी (Rebel) बनेंगे या गुलाम। आपको लगेगा कि आप अपने पिता से शादी कर चुके हैं।
(B) माँ का इमोशनल ब्लूप्रिंट (Mother's Moon)
आपकी माँ का 'मन' (Moon) आपके 4वें घर में रहता है।
अगर उनका चंद्रमा "एंग्जायटी" (Anxious) वाला था, तो आप शादी में "सुरक्षा" (Security) ढूंढेंगे, बिल्कुल उनकी तरह।
अगर वो "इंडिपेंडेंट" थीं, तो आप कमिटमेंट से भागेंगे।
Truth Bomb: आप पार्टनर नहीं चुन रहे, आप अपनी शादी के जरिये अपनी माँ के बचपन को "हील" (Heal) करने की कोशिश कर रहे हैं।
(C) 8वें घर का भूत (The Ghost in 8th House)
आपके 8वें घर में बैठा ग्रह यह बताता है कि आपका पार्टनर अपने पिछले रिश्तों से क्या "कचरा" लेकर आ रहा है।
- मंगल (Mars): वो अनसुलझा गुस्सा (Unresolved Anger) लेकर आएंगे।
- नेपच्यून (Neptune): वो कन्फ्यूजन, धोखा और नशा लेकर आएंगे।
और बाय डिफ़ॉल्ट, आप उनके "फ्री थेरेपिस्ट" बन जाएंगे।
4. द ट्रिगर पॉइंट: वो 3 साल जब सब बदल जाता है
शादियाँ "अचानक" नहीं टूटतीं। उसका एक टाइमर होता है।
जब शनि (Saturn) गोचर में आपके दारापद (Darapada - A7) के ऊपर से गुजरता है, और उसी समय गुरु (Jupiter) आपके 7वें घर को देखता है...
यह वो 3 साल की विंडो है जब शादी या तो "ट्रांसफॉर्म" होती है या "ब्रेक" होती है।
यह "Bad Luck" नहीं है। यह वो समय है जब दबे हुए सच (Buried Truths) ज्वालामुखी की तरह फट पड़ते हैं।
निष्कर्ष: आईना झूठ नहीं बोलता
तो कड़वा सच यह है — शादी तब शुरू नहीं होती जब आप "I Do" या "कबूल है" बोलते हैं।
यह आपके माता-पिता की "ना जी गयी जिंदगी" (Unlived Lives) से शुरू होती है।
प्राचीन ग्रंथों में षोडश वर्ग (Shodash Varga) का महत्व इसीलिए है।
जिस इंसान से आप शादी करते हैं, वो सिर्फ एक "एक्टर" है। स्क्रिप्ट आपके पैदा होने से पीढ़ियों पहले ही लिखी जा चुकी थी।
तो क्या करें?
दोष देना बंद करें। अपने "पैटर्न्स" को पहचानें।
So basically...
You don't marry who you want.
You marry who you NEED — to show you the parts of yourself you've been avoiding.
Marriage is not a fairy tale; it's a spiritual surgery.
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And As Always
Thanks For Reading!!!
~ PSMishra
क्या 36 गुण मिलने के बाद भी तलाक हो सकता है?
जी हाँ, बिल्कुल। अष्टकूट मिलान (Gun Milan) केवल मन और स्वभाव का मिलान है। अगर नवमांश (D-9) और उपपद लग्न में 'कार्मिक दोष' हैं, तो 36 गुण मिलने पर भी शादी टूट सकती है।
उपपद लग्न (Upapada Lagna) कैसे चेक करें?
जैमिनी ज्योतिष में अपने 12वें भाव के स्वामी (12th Lord) की स्थिति देखें। वह अपने घर से जितना आगे गया है, उससे उतना ही आगे गिनने पर जो राशि आती है, वह आपका उपपद लग्न (UL) है। यह विवाह के सुख को दर्शाता है।
क्या मांगलिक दोष (Manglik Dosh) सबसे खतरनाक है?
नहीं। मांगलिक दोष को बहुत बढ़ा-चढ़ाकर बताया गया है। असली खतरा 'पित्र दोष' और 'शनि-चंद्र युति' (Punarphoo Dosh) से होता है जो वैवाहिक जीवन में भावनात्मक शून्यता (Emptiness) लाता है।
शादी के लिए कौन सा चार्ट सबसे महत्वपूर्ण है?
सिर्फ 7वां घर या D-1 चार्ट काफी नहीं है। प्राचीन ज्योतिष के अनुसार, जीवनसाथी के नवमांश (D-9) को आपकी राशि कुंडली (D-1) पर सुपर-इम्पोज़ करके देखना और उपपद लग्न (Upapada Lagna) का विश्लेषण करना सबसे महत्वपूर्ण है।
उपपद लग्न (Upapada Lagna) क्या दिखाता है?
उपपद लग्न विवाह के "माहौल" और "परिणाम" को दर्शाता है। इससे 8वां घर (Shadow House) यह बताता है कि आप अपने जीवनसाथी में अपनी किन कमियों को प्रोजेक्ट करेंगे।
क्या माता-पिता के कर्म (Karma) मेरी शादी को प्रभावित करते हैं?
जी हाँ, बिल्कुल। आपके पिता का शनि और माता का चंद्रमा आपकी कुंडली में जहाँ स्थित होते हैं, वो आपके रिश्तों के पैटर्न (Patterns) और डर (Fears) को निर्धारित करते हैं। आप अक्सर अनजाने में उनके अधूरे कर्मों को अपनी शादी में जी रहे होते हैं।